राजस्थान में वन
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1. सूची I को सूची II से सुमेलित करें। Jamadar Grade II 2025
| सूची-I | सूची-II | ||
|---|---|---|---|
| (a) | सेवन | (i) | घास |
| (b) | कल्पवृक्ष | (ii) | खेजड़ी |
| (c) | गोंद का अच्छा स्रोत | (iii) | सालार वृक्ष |
| (d) | धोक | (iv) | वन |
सही मिलान चुनें:
Answer: सही सुमेलन इस प्रकार है:
- सेवन (a): यह पश्चिमी राजस्थान में पाई जाने वाली एक पौष्टिक घास (ii) है।
- कल्पवृक्ष (b): खेजड़ी (iii) (Prosopis cineraria) को थार का कल्पवृक्ष कहा जाता है।
- गोंद का अच्छा स्रोत (c): सालार वृक्ष (i) (Boswellia serrata) गोंद का एक प्रमुख स्रोत है।
- धोक (d): धोकड़ा (Anogeissus pendula) राजस्थान के वन (iv) क्षेत्रों में पाया जाने वाला प्रमुख वृक्ष है।
- सेवन (a): यह पश्चिमी राजस्थान में पाई जाने वाली एक पौष्टिक घास (ii) है।
- कल्पवृक्ष (b): खेजड़ी (iii) (Prosopis cineraria) को थार का कल्पवृक्ष कहा जाता है।
- गोंद का अच्छा स्रोत (c): सालार वृक्ष (i) (Boswellia serrata) गोंद का एक प्रमुख स्रोत है।
- धोक (d): धोकड़ा (Anogeissus pendula) राजस्थान के वन (iv) क्षेत्रों में पाया जाने वाला प्रमुख वृक्ष है।
2. राजस्थान के किस राष्ट्रीय उद्यान में एक दुर्लभ मांसाहारी पौधा ‘यूट्रीकुलेरिया’ पाया गया है - Rajasthan Patwar Exam 2025 1st Shift
Answer: यूट्रीकुलेरिया (Utricularia), जिसे सामान्यतः 'ब्लैडरवॉर्ट' भी कहा जाता है, एक दुर्लभ मांसाहारी जलीय पौधा है जो केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान (भरतपुर) में पाया गया है। यह पौधा पानी के छोटे कीड़ों को अपने जाल (ब्लैडर) में फंसाकर उनका भक्षण करता है। केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान एक यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल और रामसर साइट है, जो अपनी समृद्ध जैव-विविधता और प्रवासी पक्षियों के लिए प्रसिद्ध है।
3. वागड़ का चीकू किसे कहते हैं?
Answer: तेंदू फल को 'वागड़ का चीकू' कहा जाता है। इसे स्थानीय भाषा में टिमरू भी कहते हैं और इसके पत्तों का उपयोग बीड़ी बनाने में होता है।
4. वनोन्मूलन हमारे लिए हानिकारक है, क्योंकि-निम्नलिखित विकल्पों में से सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर चुनें:
Answer: वनोन्मूलन का अर्थ है वनों की कटाई। पेड़ों की जड़ें मिट्टी को बांधकर रखती हैं, जिससे मिट्टी का कटाव (अपरदन) रुकता है। जब पेड़ काट दिए जाते हैं, तो मिट्टी ढीली हो जाती है और हवा या पानी से आसानी से बह जाती है, जिससे मृदा-अपरदन बढ़ता है।
5. 2021 में राजस्थान के कौन से जिले में सर्वाधिक क्षेत्र में सघन वन पाये जाते हैं -
Answer: इंडिया स्टेट ऑफ फॉरेस्ट रिपोर्ट (ISFR) 2021 के अनुसार, राजस्थान के अलवर जिले में 'अति सघन वन' (Very Dense Forest) का क्षेत्रफल सर्वाधिक (59.78 वर्ग किमी) था। हालांकि, कुल वन क्षेत्र में उदयपुर सबसे आगे है।
6. राजस्थान वानिकी एवं जैव-विविधता परियोजना (फेज-2) के संदर्भ में गलत कथन का चयन कीजिए।
Answer: यह कथन गलत है क्योंकि राजस्थान वानिकी एवं जैव-विविधता परियोजना (फेज-2) में 15 जिलों (10 मरुस्थलीय और 5 गैर-मरुस्थलीय) और 7 वन्यजीव अभ्यारण्यों को शामिल किया गया था, न कि 18 जिले और 8 अभ्यारण्य।
7. स्थानीय वनस्पति का संग्रह क्या कहलाता है -
Answer: हेर्बेरियम एक ऐसी जगह है जहाँ पौधों के नमूनों को सुखाकर और दबाकर एक शीट पर लगाया जाता है और वैज्ञानिक अध्ययन के लिए संग्रहीत किया जाता है। यह स्थानीय वनस्पतियों का एक व्यवस्थित संग्रह होता है।
8. निम्नलिखित में से कौन सा वनोत्पाद राजस्थान के ग्रामीण क्षेत्रों में शराब बनाने में काम लिया जाता है -
Answer: महुआ के फूलों का उपयोग राजस्थान के आदिवासी और ग्रामीण क्षेत्रों में पारंपरिक रूप से शराब बनाने के लिए किया जाता है। इन फूलों को किण्वित (ferment) करके मावड़ी नामक शराब तैयार की जाती है।
9. निम्नलिखित में से किसे ‘वागड़ का चीकू’ के नाम से जाना जाता है -
Answer: तेंदु के फल को उसके स्वाद और रूप के कारण 'वागड़ का चीकू' कहा जाता है। तेंदु की पत्तियों का उपयोग बीड़ी बनाने में भी होता है, इसलिए इसे 'बीड़ी का पेड़' भी कहते हैं।
10. राजस्थान के किस जिले में वनों का न्यूनतम छेत्रफल है -
Answer: राजस्थान में, चूरू जिले में वन क्षेत्र का क्षेत्रफल सबसे कम है। यह जिला थार मरुस्थल के शुष्क क्षेत्र में स्थित है, जहाँ वनस्पति बहुत कम है।