राजस्थान की भाषा एवं बोलियाँ
TOPICS ▾
राजस्थान का संगीत एवं लोकगीत
राजस्थान का साहित्य
राजस्थान की चित्र शैलियाँ
राजस्थान की प्रसिद्ध महिला व्यक्तित्व
राजस्थान की प्राचीन सभ्यताएँ
राजस्थान की भाषा एवं बोलियाँ
राजस्थान की शब्दावली
राजस्थान की स्थापत्य कला
राजस्थान की हस्तकला
राजस्थान के आभूषण एवं वेशभूषा
राजस्थान के क्षेत्रीय कार्यक्रम
राजस्थान के त्यौहार
राजस्थान के नृत्य
राजस्थान के प्रमुख व्यक्तित्व
राजस्थान के प्रमुख संत एवं सम्प्रदाय
राजस्थान के प्रमुख स्थानों के उपनाम
राजस्थान के मेले
राजस्थान के रीति-रिवाज एवं प्रथाएँ
राजस्थान के लोक देवता व देवियाँ
राजस्थान के सांस्कृतिक कार्यक्रम स्थल
SORT BY ▾
121. राजस्थानी भाषा साहित्य एवं संस्कृति अकादमी स्थित है -
Answer: राजस्थानी भाषा, साहित्य एवं संस्कृति अकादमी का मुख्यालय बीकानेर में है।
122. ‘गोड़वाडी’ राजस्थानी की किस बोली की उपबोली है -
Answer: गोडवाड़ी, मारवाड़ी की एक महत्वपूर्ण उपबोली है जो जालौर, पाली और सिरोही के गोडवाड़ क्षेत्र में बोली जाती है।
123. दादू और उनके शिष्यों की रचनाएँ अधिकतर किस बोली/भाषा में पाई जाती हैं -
Answer: संत दादू दयाल का प्रमुख केंद्र जयपुर के निकट नरायणा था, जो ढूंढाड़ क्षेत्र में आता है। इसलिए उनकी रचनाएँ ढूंढाड़ी में हैं।
124. निम्नलिखित संतों में से किसने अपने लेखन में मेवाती बोली का प्रयोग नहीं किया -
Answer: संत सुन्दरदास दादू के शिष्य थे और उनका साहित्य ढूंढाड़ी में है। लालदास, चरणदास और सहजोबाई का संबंध मेवात से था और उनकी रचनाएँ मेवाती में हैं।
125. पूर्वी राजस्थानी री उपबोली है -
Answer: चौरासी, ढूंढाड़ी (पूर्वी राजस्थानी) की एक उपबोली है, जो जयपुर के दक्षिणी-पश्चिमी भाग में बोली जाती है।
126. राजस्थान की वह बोली कौनसी है, जिसे ग्रियर्सन ने ‘भीली बोली’ कहा एवं इसमें ‘च’ और ‘छ’ का उच्चारण ‘स’ किया जाता है एवं ‘था’ के स्थान पर ‘हतो’ का प्रयोग किया जाता है -
Answer: ये सभी विशेषताएँ - 'भीली' नाम, 'च/छ' का 'स' उच्चारण, और 'था' के लिए 'हतो' का प्रयोग - वागड़ी बोली (डूंगरपुर-बांसवाड़ा) की पहचान हैं।
127. ‘रांगड़ी’ और ‘नीमाड़ी’ किस राजस्थानी बोली की उपबोलियाँ हैं -
Answer: रांगड़ी (मारवाड़ी + मालवी) और नीमाड़ी (दक्षिणी राजस्थानी) दोनों ही मालवी बोली की प्रमुख उप-बोलियाँ मानी जाती हैं।
128. वागड़ी बोली राजस्थान के ____ क्षेत्र में बोली जाती है।
Answer: वागड़ी बोली राजस्थान के दक्षिणी और कुछ हद तक दक्षिण-पश्चिमी भाग, यानी डूंगरपुर, बांसवाड़ा और आसपास के क्षेत्रों में बोली जाती है।
129. 'धतकी', 'थाली' और 'खराड़ी' उप-बोलियाँ राजस्थान की किस बोली से संबंधित हैं -
Answer: ये तीनों उप-बोलियाँ (ढटकी, थली, खेराड़ी) मारवाड़ी भाषा के अंतर्गत आती हैं और पश्चिमी राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में बोली जाती हैं।
130. आं में सूं कुणसी बोली राजस्थान में नीं बोलीजै -
Answer: अवधी पूर्वी हिंदी की बोली है जो मुख्यतः उत्तर प्रदेश के अवध क्षेत्र में बोली जाती है। यह राजस्थानी बोली नहीं है।
131. सूर्यमल्ल मीसन की रचनाओं में राजस्थान की कौन सी बोली प्रयुक्त हुयी है -
Answer: कवि सूर्यमल्ल मिश्रण बूंदी के थे, जो हाड़ौती क्षेत्र में आता है। अतः उनकी रचनाओं में प्रमुख रूप से हाड़ौती बोली का प्रयोग हुआ है।
132. ढूँढाड़ी बोली में भूतकाल के लिए कौन-कौन से शब्द प्रयोग किए जाते हैं -
Answer: ढूंढाड़ी बोली में भूतकाल की क्रियाओं के लिए 'छी' (स्त्रीलिंग) और 'छौ' (पुल्लिंग) जैसे सहायक शब्दों का प्रयोग होता है।
133. गोड़वाड़ी बोली का क्षेत्र है -
Answer: गोडवाड़ी बोली का क्षेत्र पाली, जालौर और सिरोही जिलों में फैला हुआ है। दिए गए विकल्पों में सिरोही सही है।
134. मालवी री उपबोली है -
Answer: रांगड़ी मालवी और मारवाड़ी का मिश्रण है और इसे मालवी की ही एक उपबोली माना जाता है।
135. चारण शैली को किस नाम से जाना जाता है -
Answer: चारण कवियों द्वारा प्रयुक्त साहित्यिक शैली को डिंगल के नाम से जाना जाता है, जिसमें वीर रस की प्रधानता होती है।
136. निम्नलिखित में से किसने सर्वप्रथम 1912 में भारतीय भाषा सर्वेक्षण में राजस्थान की भाषा के लिए राजस्थानी शब्द का प्रयोग किया था -निम्नलिखित विकल्पों में से सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर चुनें:
Answer: जॉर्ज अब्राहम ग्रियर्सन ने अपनी पुस्तक 'लिंग्विस्टिक सर्वे ऑफ इंडिया' (1912) में पहली बार राजस्थान की बोलियों के लिए 'राजस्थानी' शब्द का वैज्ञानिक प्रयोग किया।
137. जयपुर (शेखावटी के अतिरिक्त) और टोंक तथा अजमेर के कुछ क्षेत्रों में किस भाषा का प्रचलन है -
Answer: जयपुर, टोंक और अजमेर-मेरवाड़ा का क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से ढूंढाड़ कहलाता है और यहाँ की प्रमुख बोली ढूंढाड़ी है।
138. रांगड़ी बोली किन बोलियों का मिश्रण है -
Answer: रांगड़ी बोली को मारवाड़ी (जिसकी उपबोली गोडवाड़ी है) और मालवी का मिश्रण माना जाता है।
139. डूंगरपुर एवं बांसवाड़ा क्षेत्र में बोली जाने वाली बोली है –
Answer: डूंगरपुर और बांसवाड़ा के वागड़ क्षेत्र में वागड़ी बोली प्रमुख रूप से बोली जाती है।
140. राजस्थानी भाषा का शब्दकोश किसने निर्मित किया -
Answer: पद्मश्री सीताराम लालस ने अपने जीवनकाल में राजस्थानी भाषा के सबसे वृहद और प्रामाणिक शब्दकोश 'राजस्थानी सबदकोस' की रचना की।