भारतीय राजनीति में दबाव समूह
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1. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए :सूची-I (छात्र संगठन)A. अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषदB. ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशनC. नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ़ इंडियाD. समता युवाजनसूची-II1. भाजपा2. साम्यवादी दल3. कांग्रेस4. समाजवादी पार्टी
Answer: यह मिलान छात्र संगठनों और उनकी संबंधित राजनीतिक पार्टियों को सही ढंग से जोड़ता है:
- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से संबद्ध है।
- ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (AISF): भारतीय साम्यवादी दल (CPI) का छात्र संगठन है।
- नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ़ इंडिया (NSUI): भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का छात्र संगठन है।
- समता युवाजन: समाजवादी पार्टी की युवा शाखा है।
- अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से संबद्ध है।
- ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (AISF): भारतीय साम्यवादी दल (CPI) का छात्र संगठन है।
- नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ़ इंडिया (NSUI): भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का छात्र संगठन है।
- समता युवाजन: समाजवादी पार्टी की युवा शाखा है।
2. दबाव समूह का कार्य है -
Answer: दबाव समूह (Pressure Group) का मुख्य कार्य अपने समूह के विशिष्ट हितों (स्वार्थ) को पूरा करने के लिए सरकार की नीतियों और निर्णयों को प्रभावित करना है। वे इसके लिए लॉबिंग, प्रदर्शन और जनमत निर्माण जैसे तरीकों का इस्तेमाल करते हैं।
3. भारतीय राजनीति में साम्यवादी विचारधारा से प्रभावित 'युवा तुर्क' का अस्तित्व किस वर्ष के बाद हुआ ?
Answer: 1969 में कांग्रेस पार्टी के विभाजन के बाद, इंदिरा गांधी के नेतृत्व वाली कांग्रेस (R) में चंद्रशेखर, मोहन धारिया जैसे युवा नेता, जो समाजवादी और साम्यवादी विचारों से प्रभावित थे, 'युवा तुर्क' (Young Turks) के रूप में प्रसिद्ध हुए।
4. गैर-राजनीतिक संगठन 'भारतीय किसान यूनियन' किस राज्य में सक्रिय है ?
Answer: भारतीय किसान यूनियन (BKU) मुख्य रूप से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों का एक शक्तिशाली संगठन है। इसका प्रभाव हरियाणा और पंजाब में भी है, लेकिन इसकी जड़ें और मुख्य सक्रियता का क्षेत्र उत्तर प्रदेश है।
5. दबाव समूह का उल्लेख सामान्यत: होता है -
Answer: दबाव समूहों को 'विशेष हित समूह' (Special Interest Group) भी कहा जाता है क्योंकि वे समाज के किसी एक वर्ग या समूह के विशेष हितों, जैसे किसानों, व्यापारियों, या श्रमिकों के हितों का प्रतिनिधित्व करते हैं और उन्हीं के लिए काम करते हैं।
6. निम्नलिखित में से किसने 'प्रभावक समूह' को विधानमंडल का 'तीसरा सदन' माना है ?
Answer: प्रसिद्ध राजनीतिक विचारक एच. एम. फाइनर ने दबाव समूहों (प्रभावक समूह) की नीति-निर्माण प्रक्रिया पर उनके जबरदस्त प्रभाव के कारण उन्हें विधानमंडल का 'तीसरा सदन' (Third House) और 'गुमनाम साम्राज्य' (Anonymous Empire) कहा है।
7. शेतकारी संगठन नामक कृषक संगठन किस राज्य की राजनीति में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाता है ?
Answer: 'शेतकारी संगठन' महाराष्ट्र का एक प्रमुख किसान संगठन है, जिसकी स्थापना शरद जोशी ने की थी। यह संगठन महाराष्ट्र में किसानों के हितों के लिए, विशेषकर कृषि उत्पादों के उचित मूल्य के लिए, सक्रिय रूप से काम करता है।
8. निम्नलिखित में से कौन सही सुमेलित है ?
Answer: दिए गए सभी विकल्प सही सुमेलित हैं। नाडार जाति संघ तमिलनाडु में, रेड्डी जातीय समुदाय आंध्र प्रदेश में, और लिंगायत समुदाय कर्नाटक में प्रभावशाली जाति-आधारित दबाव समूह हैं जो अपने समुदाय के सामाजिक और राजनीतिक हितों की रक्षा करते हैं।
9. निम्नांकित में से कौन - सा कथन दबाव समूह का अर्थ बोध कराता है ?
Answer: यह दबाव समूह की सबसे सटीक परिभाषा है। उनका मुख्य उद्देश्य सरकार के नीतिगत निर्णयों को अपने समूह के पक्ष में प्रभावित करना या नियंत्रित करना होता है।
10. दबाव समूह राजनीतिक दलों से किस अर्थ में भिन्न होता है ?
Answer: राजनीतिक दलों और दबाव समूहों में मुख्य अंतर यह है कि राजनीतिक दल चुनाव लड़कर सीधे सत्ता प्राप्त करना चाहते हैं, जबकि दबाव समूह सत्ता के बाहर रहकर सरकार पर अपने हितों के लिए दबाव डालते हैं और उनका लक्ष्य सत्ता प्राप्त करना नहीं होता।
11. भारतीय राजनीति में सक्रिय व्यावसायिक संघ जो राजनीतिक दलों की नीतियों को प्रभावित करते हैं, हैं -
Answer: FICCI (फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री) और ASSOCHAM (एसोसिएटेड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ऑफ इंडिया) भारत के दो प्रमुख व्यावसायिक संगठन हैं जो व्यापार और उद्योग के हितों के लिए सरकार की नीतियों को प्रभावित करने वाले शक्तिशाली दबाव समूह हैं।
12. भारत में निम्नलिखित में कौन - सा दबाव समूह की भूमिका निभाता है ?
Answer: आई. एन. टी. यू. सी. (Indian National Trade Union Congress) कांग्रेस पार्टी से संबद्ध एक प्रमुख मजदूर संघ है, जो श्रमिकों के हितों के लिए एक दबाव समूह के रूप में कार्य करता है। अन्य विकल्प सरकारी संगठन हैं।
13. निम्नलिखित में से कौन सुमेलित नहीं है ?
Answer: यह सुमेलित नहीं है। ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (AITUC) भारतीय साम्यवादी दल (CPI) से संबद्ध है, न कि राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकपा) से। अन्य सभी विकल्प सही सुमेलित हैं।
14. डी. डी. मैक्कीन ने दबाव समूह को परिभाषित किया है -
Answer: डी. डी. मैक्कीन ने दबाव समूहों को 'गुमनाम साम्राज्य' (Anonymous Empire) के रूप में वर्णित किया है क्योंकि वे पर्दे के पीछे से सरकार और नीति-निर्माण को महत्वपूर्ण रूप से प्रभावित करते हैं, बिना सीधे तौर पर सामने आए।
15. निम्नलिखित में से कौन एक दबाव समूह है ?
Answer: भारतीय किसान संघ (किसानों का समूह), भारतीय मजदूर संघ (मजदूरों का समूह), और विश्व हिन्दू परिषद (एक सामाजिक-धार्मिक समूह) सभी अपने-अपने विशिष्ट हितों को साधने के लिए सरकार की नीतियों पर प्रभाव डालने का प्रयास करते हैं, इसलिए ये सभी दबाव समूह हैं।
16. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए :सूची-I (कृषि संगठन)A. भारतीय किसान यूनियनB. शेतकारी संगठनC. भारतीय किसान संघD. रैयत संघसूची-II (प्रभाव क्षेत्र)1. पश्चिमी उत्तर प्रदेश2. महाराष्ट्र3. गुजरात 4. कर्नाटक
Answer: यह मिलान कृषि संगठनों और उनके मुख्य प्रभाव क्षेत्रों को सही ढंग से जोड़ता है:
- भारतीय किसान यूनियन: पश्चिमी उत्तर प्रदेश
- शेतकारी संगठन: महाराष्ट्र
- भारतीय किसान संघ: गुजरात
- रैयत संघ: कर्नाटक
- भारतीय किसान यूनियन: पश्चिमी उत्तर प्रदेश
- शेतकारी संगठन: महाराष्ट्र
- भारतीय किसान संघ: गुजरात
- रैयत संघ: कर्नाटक
17. दबाव समूह का प्रधान उद्देश्य होता है -
Answer: दबाव समूह का प्राथमिक और सबसे महत्वपूर्ण उद्देश्य अपने सदस्यों के साझा हितों की रक्षा करना और उन्हें बढ़ावा देना (अभिवृद्धि करना) है, चाहे वे हित आर्थिक, सामाजिक या व्यावसायिक हों।
18. विश्व हिन्दू परिषद, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, बजरंग दल आदि किस राजनीतिक दल के दबाव समूह है ?
Answer: ये सभी संगठन 'संघ परिवार' का हिस्सा माने जाते हैं और वैचारिक रूप से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से जुड़े हुए हैं। वे भाजपा के लिए वैचारिक और सामाजिक आधार तैयार करने वाले दबाव समूहों के रूप में कार्य करते हैं।
19. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए :सूची-I (श्रमिक संघ)A. AITUCB. INTUCC. UTUCD. BMSसूची-II (राजनितिक दल)1. भाजपा2. माकपा3. कांग्रेस (I)4. भाकपा
Answer: यह मिलान श्रमिक संघों और उनसे संबद्ध राजनीतिक दलों को सही ढंग से जोड़ता है:
- AITUC (ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस): भारतीय साम्यवादी दल (भाकपा - CPI)
- INTUC (इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस): कांग्रेस (I)
- UTUC (यूनाइटेड ट्रेड यूनियन कांग्रेस): मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा - CPM)
- BMS (भारतीय मजदूर संघ): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)
- AITUC (ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस): भारतीय साम्यवादी दल (भाकपा - CPI)
- INTUC (इंडियन नेशनल ट्रेड यूनियन कांग्रेस): कांग्रेस (I)
- UTUC (यूनाइटेड ट्रेड यूनियन कांग्रेस): मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा - CPM)
- BMS (भारतीय मजदूर संघ): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)
20. भारत में संगठित दबाव समूह गठित नहीं होने का मुख्य कारण है -
Answer: भारत में पश्चिमी देशों की तरह स्वतंत्र और संगठित दबाव समूहों की कमी के ये सभी कारण हैं। यहाँ कई दबाव समूह राजनीतिक दलों की शाखाओं के रूप में काम करते हैं, जिससे उनकी अपनी स्वतंत्र और स्वायत्त भूमिका सीमित हो जाती है।