राजस्थान के मेले
TOPICS ▾
राजस्थान का संगीत एवं लोकगीत
राजस्थान का साहित्य
राजस्थान की चित्र शैलियाँ
राजस्थान की प्रसिद्ध महिला व्यक्तित्व
राजस्थान की प्राचीन सभ्यताएँ
राजस्थान की भाषा एवं बोलियाँ
राजस्थान की शब्दावली
राजस्थान की स्थापत्य कला
राजस्थान की हस्तकला
राजस्थान के आभूषण एवं वेशभूषा
राजस्थान के क्षेत्रीय कार्यक्रम
राजस्थान के त्यौहार
राजस्थान के नृत्य
राजस्थान के प्रमुख व्यक्तित्व
राजस्थान के प्रमुख संत एवं सम्प्रदाय
राजस्थान के प्रमुख स्थानों के उपनाम
राजस्थान के मेले
राजस्थान के रीति-रिवाज एवं प्रथाएँ
राजस्थान के लोक देवता व देवियाँ
राजस्थान के सांस्कृतिक कार्यक्रम स्थल
SORT BY ▾
51. शाहपुरा का फूलडोल मेला किस महीने में आयोजित किया जाता है -
Answer: शाहपुरा (भीलवाड़ा) में रामस्नेही सम्प्रदाय का फूलडोल मेला होली के तुरंत बाद चैत्र माह के कृष्ण पक्ष में आयोजित होता है।
52. मांगलिया वास अजमेर में श्रावण अमावस्या को कोनसा मेला लगता है-
Answer: अजमेर के मांगलियावास में श्रावण मास की हरियाली अमावस्या के दिन प्राचीन कल्पवृक्षों के नीचे यह मेला लगता है।
53. मल्लीनाथ पशु मेला आयोजित होता है -
Answer: यह राजस्थान का सबसे प्राचीन पशु मेला है, जो तिलवाड़ा (बालोतरा) में आयोजित होता है।
54. निम्न में से असंगत है -
Answer: एडवेंचर स्पोर्ट्स या महोत्सव का आयोजन मुख्य रूप से कोटा और बूंदी में किया जाता है, न कि जयपुर में।
55. मल्लीनाथजी पशु मेला कब प्रारम्भ होता है -
Answer: मल्लीनाथजी पशु मेला चैत्र कृष्ण एकादशी से प्रारम्भ होकर चैत्र शुक्ल एकादशी तक चलता है।
56. पुष्कर पशु मेला कब आयोजित किया जाता है -
Answer: पुष्कर का प्रसिद्ध पशु मेला प्रतिवर्ष कार्तिक माह में (कार्तिक शुक्ल एकादशी से पूर्णिमा तक) आयोजित होता है।
57. किसकी स्मृति में तिलवाड़ा का पशु मेला आयोजित होता है -
Answer: तिलवाड़ा का पशु मेला लोक देवता मल्लिनाथजी की स्मृति में आयोजित होता है।
58. चन्द्रभागा का प्रसिद्ध मेला कहां लगता है -
Answer: यह प्रसिद्ध मेला झालावाड़ जिले के झालरापाटन में लगता है, जो हाड़ौती का सुरंगा मेला भी कहलाता है।
59. सूची-I व सूची-II को सुमेल करते हुए सही उत्तर लिखिए:सूची-I सूची-IIA. देवनारायण मेला 1. भाद्रपद शुक्ल द्वितीयाB. रामदेवजी मेला 2. भाद्रपद शुक्ल नवमीC. वीर फत्ताजी मेला 3. भाद्रपद शुक्ल सप्तमीD. तेजाजी मेला 4. भाद्रपद शुक्ल दशमीकोड : A B C D
Answer: सही मिलान है: देवनारायण मेला (भाद्रपद शुक्ल सप्तमी), रामदेवजी मेला (भाद्रपद शुक्ल द्वितीया से), वीर फत्ताजी मेला (भाद्रपद शुक्ल नवमी), और तेजाजी मेला (भाद्रपद शुक्ल दशमी)।
60. राजस्थान के रूणेचा के मेले की वह विशेषता जो सुखी समाज के लिए आवश्यक है -
Answer: रामदेवरा (रूणेचा) का मेला हिंदू-मुस्लिम एकता और साम्प्रदायिक सद्भाव का एक अनूठा प्रतीक है, जहाँ दोनों समुदायों के लोग समान श्रद्धा से आते हैं।