Adyayan.com

प्रजामंडल आंदोलन

प्रजामंडल आंदोलन
QUESTION 111
निम्न में से कौन आज़ाद मोर्चा का नेता नहीं था -
  • A बाबा हरिश्चन्द्र
  • B दाऊदयाल आचार्य
  • C रामकरण जोशी
  • D गुलाबचन्द कासलीवाल
Answer: आजाद मोर्चा का गठन बाबा हरिश्चंद्र, रामकरण जोशी और गुलाबचंद कासलीवाल आदि ने किया था। दाऊदयाल आचार्य इस मोर्चे के प्रमुख नेता नहीं थे।
QUESTION 112
‘राजस्थान के गांधी’ के रूप में किसे जाना जाता है -
  • A भोगी लाल पण्डया
  • B गोकुल भाई भट्ट
  • C जानकी लाल
  • D दामोदर व्यास
Answer: गोकुलभाई भट्ट को सिरोही प्रजामंडल में उनके नेतृत्व और गांधीवादी सिद्धांतों के पालन के लिए 'राजस्थान का गांधी' के रूप में जाना जाता है।
QUESTION 113
सुमेलित कीजिये -संस्थाएंस्थापना वर्षअ. राजस्थान सेवा संघ 1. 1921ब. मारवाड़ हितकारिणी सभा2. 1927स. अखिल भारतीय देशी राज्य लोक परिषद 3. 1923द. नरेन्द्र मंडल 4. 1919 कूट - अ, ब, स, द
  • A 4, 3, 2, 1
  • B 2, 4, 1, 3
  • C 1, 2, 3, 4
  • D 4, 2, 3, 1
Answer: सही मिलान है: अ. राजस्थान सेवा संघ - 4. 1919, ब. मारवाड़ हितकारिणी सभा - 3. 1923 (पुनर्स्थापित), स. अखिल भारतीय देशी राज्य लोक परिषद् - 2. 1927, द. नरेन्द्र मंडल (चैंबर ऑफ प्रिंसेस) - 1. 1921।
QUESTION 114
1936 में मेघाराम ने किस स्थान पर बीकानेर प्रजा मंडल की स्थापना की -
  • A अजमेर
  • B बीकानेर
  • C कलकत्ता
  • D बम्बई
Answer: 1936 में, मघाराम वैद्य ने कलकत्ता में बीकानेर प्रजामंडल की स्थापना की ताकि राज्य के अधिकार क्षेत्र के बाहर से रियासती शासन के खिलाफ संगठित हो सकें।
QUESTION 115
उदयपुर में “मेवाड़ प्रजा मंडल” की स्थापना कब हुई -निम्नलिखित विकल्पों में से सर्वाधिक उपयुक्त उत्तर चुनें:
  • A 1940
  • B 1937
  • C 1938
  • D 1939
Answer: मेवाड़ प्रजामंडल की औपचारिक स्थापना 24 अप्रैल, 1938 को माणिक्यलाल वर्मा द्वारा की गई थी।
QUESTION 116
1930 के दशक में भरतपुर में राजनैतिक जागृति का श्रेय किसको जाता है –
  • A श्री किशनलाल जोशी
  • B ठाकुर देशराज
  • C पं. रेवतीशरण शर्मा
  • D युगल किशोर चतुर्वेदी
Answer: श्री किशनलाल जोशी, गोपीलाल यादव और ठाकुर देशराज जैसे अन्य लोगों के साथ, 1930 के दशक के दौरान भरतपुर में राजनीतिक चेतना पैदा करने में एक प्रमुख व्यक्ति थे।
QUESTION 117
नीचे दो कथन दिए गए हैं :कथन (I): 19वीं शताब्दी के अंतिम वर्षों से अजमेर राजनीतिक जागरूकता और सामाजिक-आर्थिक कार्यकलाप का एक महत्वपूर्ण केंद्र बन गया था।कथन(II): सन् 1888, में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के इलाहाबाद सत्र में अजमेर-मारवाड़ के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।उपरोक्त कथनों के आलोक में, नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर चुनें।
  • A कथन (I) गलत हैं, लेकिन कथन (II) सही है।
  • B कथन (I) और कथन (II) दोनों सही हैं।
  • C कथन (I) और कथन (II) दोनों गलत हैं।
  • D कथन (I) सही हैं, लेकिन कथन (II) गलत है।
Answer: दोनों कथन सही हैं। सीधे ब्रिटिश शासन के अधीन होने के कारण, अजमेर राजस्थान में राजनीतिक गतिविधियों का केंद्र बन गया। अजमेर-मेरवाड़ा के प्रतिनिधियों ने 1888 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के इलाहाबाद अधिवेशन में भाग लिया था।
QUESTION 118
‘चिडावा का गांधी’ किसे कहा गया है-
  • A सरदार हरलाल सिंह
  • B सेठ घनश्याम दास बिड़ला
  • C मास्टर प्यारेलाल गुप्ता
  • D राधाकृष्ण बोहरा
Answer: चिड़ावा (झुंझुनू जिले में) के मास्टर प्यारेलाल गुप्ता को उनके सामाजिक कार्यों और क्षेत्र में स्कूल स्थापित करने और शिक्षा को बढ़ावा देने के प्रयासों के लिए 'चिड़ावा का गांधी' कहा जाता है।
QUESTION 119
1936-37 में जयपुर प्रजामण्डल की स्थापना से निम्न में से कौन संबंधित नहीं है -
  • A जमनालाल बजाज
  • B हीरालाल शास्त्री
  • C अचलेश्वर प्रसाद
  • D कर्पूर चन्द पाटनी
Answer: जमनालाल बजाज, हीरालाल शास्त्री, और कपूरचंद पाटनी जयपुर प्रजामंडल की स्थापना और पुनरुद्धार से जुड़े मुख्य व्यक्ति थे। अचलेश्वर प्रसाद शर्मा मारवाड़ (जोधपुर) प्रजामंडल से जुड़े थे।
QUESTION 120
निम्नलिखित में से कौनसा युग्म सही सुमेलित नहीं है -प्रजामण्डल - संस्थापक
  • A सिरोही - गोकुल भाई भट्ट
  • B करौली - त्रिलोकचंद माथुर
  • C जैसलमेर - मीठालाल व्यास
  • D अलवर - लादाराम व्यास
Answer: अलवर प्रजामंडल की स्थापना 1938 में पंडित हरिनारायण शर्मा और कुंज बिहारी लाल मोदी ने की थी। लादाराम व्यास इसकी स्थापना से नहीं जुड़े हैं। अन्य जोड़े सही हैं।