राजस्थान के रीति-रिवाज एवं प्रथाएँ
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81. बढार का भोज निम्न में से किस मौके पर रखा जाता है -
Answer: 'बढार' का भोज विवाह के अवसर पर वर पक्ष द्वारा दिया जाने वाला प्रीतिभोज है।
82. बिंदोली, सामेला और पड़ला किस समारोह से संबंधित हैं -
Answer: 'बिंदोली', 'सामेला' और 'पड़ला' ये सभी राजस्थान में विवाह समारोह से जुड़ी महत्वपूर्ण रस्में हैं।
83. बारात जाने के बाद पीछे से वर पक्ष के घर रात को महिलाओं के द्वारा गाए जाने वाले गीत एवं खेल को कहते हैं-
Answer: जब बारात दुल्हन के घर चली जाती है, तो पीछे वर के घर पर महिलाएं मनोरंजन के लिए गीत-संगीत और 'टूटिया' या 'खोरिया' नामक लोकनाट्य करती हैं।
84. राजस्थान की वह परम्परा, जिसमें दूल्हे की बारात के घर से चले जाने के बाद घर की स्त्रियों द्वारा लोक नाट्य किया जाता है, कहलाता है -
Answer: इस लोक नाट्य को 'टूटिया' या 'टूंटी' कहा जाता है, जो वर पक्ष की महिलाओं द्वारा बारात प्रस्थान के बाद किया जाता है।
85. निम्न में से कौन सी रस्म मृत्यु के दुख से सम्बन्धित नहीं है -
Answer: 'ढुकाव' मृत्यु से संबंधित नहीं है। बखेर, आघेटा और सातरवाड़ा मृत्यु संस्कार का हिस्सा हैं।
86. राजस्थान में सर्वप्रथम किस जिले में कन्या वध को गैर कानूनी घोषित किया गया-
Answer: राजस्थान में सबसे पहले कोटा रियासत ने 1833 ई. में कन्या वध को गैर-कानूनी घोषित किया था।
87. राजस्थानी संस्कृति में 'जांनोटण' क्या है-
Answer: 'जांनोटण' विवाह के अवसर पर वर पक्ष द्वारा अपनी ओर से दिए जाने वाले भोज को कहते हैं।
88. 1832 में कानून बनाकर दास प्रथा को समाप्त करनें वाला गवर्नर जनरल निम्न में सें कौन था-
Answer: 1832 में लॉर्ड विलियम बेंटिक ने भारत में दास प्रथा को समाप्त करने के लिए एक कानून बनाया था, जिसे 1843 में लॉर्ड एलनबरो ने पूरी तरह से लागू किया।
89. राजस्थानी संस्कृति में ‘औलंदी’ क्या है -
Answer: 'औलंदी' वह लड़की या स्त्री होती है जो नई दुल्हन के साथ उसके ससुराल जाती है, ताकि उसे नए घर में सहज महसूस हो सके।
90. ‘बढ़ार’ क्या है -
Answer: 'बढ़ार' विवाह के अवसर पर आयोजित किया जाने वाला एक सामूहिक प्रीतिभोज या दावत है।
91. निम्नलिखित में से कौन सा संस्कार जन्म से संबंधित है -
Answer: 'जडूला' (मुंडन) जन्म के बाद होने वाला संस्कार है, जबकि अन्य विकल्प विवाह या मृत्यु से संबंधित हैं।
92. सागड़ी प्रथा का अर्थ है -
Answer: 'सागड़ी प्रथा' का अर्थ बंधुआ मजदूरी है। इसे हाली प्रथा भी कहा जाता है।
93. राजस्थान में ‘सामेला’ शब्द किस अवसर पर प्रयुक्त होता है -
Answer: 'सामेला' विवाह के समय बारात के स्वागत की रस्म के लिए प्रयुक्त होने वाला शब्द है।
94. बढ़ार भोज किस अवसर पर रखा जाता है -
Answer: 'बढार' एक प्रीतिभोज है जो विवाह के समय आयोजित किया जाता है।
95. ‘चिकनी कोथली’ है -
Answer: 'चिकनी कोथली' शादी की एक रस्म है जो सगाई से संबंधित है। इसमें वधू पक्ष की ओर से वर पक्ष के लिए उपहार भेजे जाते हैं।
96. ईश्वर चन्द विद्यासागर ने किस प्रथा को समाप्त करने का बीड़ा उठाया -
Answer: प्रसिद्ध समाज सुधारक ईश्वर चंद्र विद्यासागर ने विधवा पुनर्विवाह के समर्थन में अथक प्रयास किए, जिसके परिणामस्वरूप 1856 में विधवा पुनर्विवाह अधिनियम पारित हुआ।
97. विवाह से सम्बन्धित रस्म है -
Answer: कांकन डोरड़ा (कंगन बांधना), पहरावणी (उपहार देना) और बरी पड़ला (वधू के लिए वस्त्र-आभूषण लाना), ये सभी विवाह से संबंधित महत्वपूर्ण रस्में हैं।
98. मोसर क्या है -
Answer: 'मौसर' राजस्थान में किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद आयोजित किए जाने वाले मृत्यु भोज की प्रथा है।
99. शारदा एक्ट का संबंध है -
Answer: शारदा एक्ट (1929) का सीधा संबंध बाल विवाह की कुप्रथा को रोकने से था।
100. बढ़ार का भोजन निम्न में से किस अवसर पर रखा जाता है -
Answer: यह प्रश्न फिर से दोहराया गया है। बढार का भोजन विवाह के अवसर पर दिया जाता है।