राजस्थान का संगीत एवं लोकगीत
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41. ‘राजस्थान रत्न’ पुरस्कार प्राप्त करने वाले के. सी. मालू किस क्षेत्र से सम्बन्धित हैं -
Answer: के. सी. मालू प्रसिद्ध 'वीणा कैसेट्स' के संस्थापक हैं और उन्होंने राजस्थानी संगीत के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, जिसके लिए उन्हें 'राजस्थान रत्न' से सम्मानित किया गया।
42. बीकानेर की गायिका अल्लाहजिलाई बाई किस राग गाने के लिए प्रसिद्ध थी -
Answer: अल्लाहजिलाई बाई राजस्थान की मांड गायन शैली की सबसे प्रसिद्ध गायिका थीं।
43. राजपूताने का वह प्रसिद्ध लोक गीत जिसमें ऊंट के श्रृंगार का वर्णन मिलता है -
Answer: गोरबन्ध ऊंट के गले का एक आभूषण होता है, और इसी नाम का लोकगीत ऊंट के श्रृंगार का वर्णन करता है।
44. राजस्थान के मांड गायकी के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा राग शामिल नहीं है -
Answer: मांड गायकी में सोरठ, देस, और मांड जैसे रागों का प्रयोग होता है, लेकिन मारू राग पारंपरिक रूप से इससे सीधे तौर पर नहीं जुड़ा है।
45. नीचे दिए गए कूट का उपयोग करके सुमेलित कीजिये और सही उत्तर चुनिए:
Answer: सही मिलान है: चाँद खान - स्वर सागर, पुंडलिक विट्ठल - रसमंजरी, देवर्षी भट्ट - संगीतसार, द्वारकानाथ - रागचंद्रिका।
46. राजस्थान के लोक गीतों को किस भारतीय ने ‘जनसमुदाय की आत्मा’ के नाम से सम्बोधित किया है...
Answer: पंडित जवाहरलाल नेहरू ने लोकगीतों को 'जनसमुदाय की आत्मा' कहा था।
47. अलवर का 'रसखान' कहा जाता है-
Answer: अलीबख्शी ख्याल के प्रवर्तक राव अलीबख्श को उनकी रचनाओं के कारण 'अलवर का रसखान' कहा जाता है।
48. ‘हेला ख्याल’ लोक संगीत राजस्थान के किस क्षेत्र से संबंधित है -
Answer: हेला ख्याल एक विशिष्ट लोक नाट्य शैली है जो मुख्य रूप से दौसा, सवाई माधोपुर और करौली क्षेत्रों में लोकप्रिय है।
49. निम्नलिखित में वाद्यों में से कौन-सा वाद्य तार वाद्य है -
Answer: रावणहत्था एक तत् (तार) वाद्य है, जिसे गज से बजाया जाता है। अन्य विकल्प सुषिर या घन वाद्य हैं।
50. राजस्थान की ऐसी फड़ जिसका वाचन रात के स्थान पर दिन में होता है तथा बिना वाद्य यंत्रों के प्रस्तुत होती है -
Answer: रामदला-कृष्णदला की फड़ का वाचन भाट जाति के भोपे दिन में करते हैं और इसमें किसी भी वाद्य यंत्र का प्रयोग नहीं होता।
51. निम्नलिखित में से कौनसा/से राजस्थानी लोक संगीत का/के सुषिर वाद्य यंत्र है/हैं -
Answer: अलगोजा, सतारा और नड़ तीनों सुषिर (फूंक से बजने वाले) वाद्य हैं। भपंग एक तत् (तार वाला) वाद्य है।
52. उस सुप्रसिद्ध “मांड गायक” का नाम बताएं जिसने कि गीत ‘केसरिया बालम आओ नि पधारो महारेदेश’ को अमरत्व प्रदान किया -
Answer: यद्यपि इस गीत को कई गायिकाओं ने गाया है, लेकिन अल्लाह जिलाई बाई की आवाज ने इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्धि दिलाई और अमर बना दिया।
53. शास्त्रीय संगीत पर रचना राधा गोविन्द संगीत सार के रचियता थे -
Answer: सवाई प्रतापसिंह के दरबार में देवर्षि ब्रजपाल भट्ट के नेतृत्व में विद्वानों ने 'राधा गोविन्द संगीत सार' ग्रंथ की रचना की थी।
54. निम्न में से किस लोक वाद्य यंत्र में बांस का लंबा तना होता है जिसमें बकरी के चमड़े की परत से ढका आधे नारियल का खोल जुड़ा होता है -
Answer: यह बनावट रावणहत्था की है, जिसमें आधे कटे नारियल की कटोरी पर चमड़ा मढ़कर उसे बांस से जोड़ा जाता है।
55. प्रसिद्ध राजस्थानी गैर नृत्य में भाग लेते हैं -
Answer: गैर नृत्य, जो होली के अवसर पर किया जाता है, पारंपरिक रूप से केवल पुरुषों द्वारा ही किया जाता है।
56. इनमें से कौन मांड गायन में सिद्धहस्त नहीं है -
Answer: गुलाबो एक प्रसिद्ध कालबेलिया नृत्यांगना हैं, जबकि गवरी बाई, अल्लाह जिलाई बाई और बन्नो बेगम प्रसिद्ध मांड गायिकाएं हैं।
57. राजस्थान में रासलीला का प्रमुख केन्द्र है-
Answer: फुलेरा (जयपुर) को राजस्थान में रासलीला का एक प्रमुख केंद्र माना जाता है।
58. ‘जंतर’ वाद्य यंत्र किसके द्वारा बजाया जाता है -
Answer: देवनारायण जी की फड़ का वाचन करते समय उनके भोपे गले में लटकाकर जंतर वाद्य यंत्र बजाते हैं।
59. निम्नलिखित में से कौन सा घन लोक वाद्य यन्त्र नहीं है -
Answer: बांकिया पीतल से बना एक सुषिर (फूंक से बजने वाला) वाद्य है, जबकि अन्य सभी घन (चोट से बजने वाले) वाद्य हैं।
60. पटेलिया, बिछियों और लालार क्या हैं -
Answer: पटेलिया, बिछियो और लालर राजस्थान के आदिवासियों, विशेषकर मेवाड़ क्षेत्र में प्रचलित लोक गीत हैं।