राजस्थान के लोक देवता व देवियाँ
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141. चिरजां क्या है-
Answer: चिरजां लोक देवियों, विशेषकर करणी माता की स्तुति में गाए जाने वाले भक्ति गीत हैं, जो अक्सर चारण कवियों द्वारा रचे और गाए जाते हैं।
142. करणी माता राजस्थान के किस राजवंश की कुलदेवी है -
Answer: करणी माता बीकानेर के राठौड़ शासकों की आराध्य देवी (इष्टदेवी) हैं। जोधपुर के राठौड़ों की कुलदेवी नागणेची माता हैं।
143. हाड़ाओं की कुल देवी है-
Answer: कोटा और बूंदी के हाड़ा चौहान राजवंश की कुलदेवी आशापुरा माता हैं।
144. तेजाजी के जन्मस्थल का नाम है -
Answer: वीर तेजाजी का जन्म नागौर जिले के खरनाल (या खड़नाल) नामक गाँव में हुआ था।
145. ‘कामड़िया पंथ’ के संस्थापक कौन थे -
Answer: संत रामदेव जी ने सामाजिक समरसता के लिए कामड़िया पंथ की स्थापना की थी, जिसके अनुयायी सभी जातियों के लोग हैं।
146. निम्नलिखित संयोजनों का मिलान कीजिये - लोक देवता प्रसिद्ध घोड़ीA. रामदेव जी 1. लीलाB. गोगा जी 2. नीली घोड़ीC. तेजा जी 3. लीलनD. पाबू जी 4. केसर कालमी
Answer: सही मिलान है: रामदेवजी का घोड़ा लीला (हरा), गोगाजी की नीली घोड़ी, तेजाजी की घोड़ी लीलण और पाबूजी की घोड़ी केसर कालमी थी।
147. कोलू गांव किस लोक देवता से संबंधित है -
Answer: कोलू गाँव (या कोलूमंड), जो फलौदी (जोधपुर) में है, लोक देवता पाबूजी का जन्म स्थान और मुख्य पूजा स्थल है।
148. सांभर झील में निम्न में से किस देवी का मंदिर स्थित है-
Answer: शाकम्भरी माता, जो चौहानों की कुलदेवी हैं, का एक प्रसिद्ध मंदिर सांभर झील के पास स्थित है।
149. लोक देवता हरभूजी का मुख्य मन्दिर कहाँ स्थित है -
Answer: पंचपीरों में से एक, हड़बूजी का मुख्य मंदिर फलौदी के पास बेंगटी गाँव में है। यहाँ उनकी गाड़ी की पूजा होती है।
150. पोखरण के कुख्यात भैरव के प्रबल उत्पादों का समूल विनाश करने वाले थे -
Answer: लोककथाओं के अनुसार, रामदेवजी ने अपने बाल्यकाल में पोकरण क्षेत्र को भैरव नामक एक क्रूर तांत्रिक के आतंक से मुक्त कराया था।